Sunny Deol–Rajkumar Santoshi Reunion Film ‘Lahore 1947’ Gets Independence Week Release Date
रक्सौल में श्रीमद्भागवत कथा के दौरान अव्यवस्था, भीड़ बेकाबू होने से मची अफरातफरी
मोतिहारी | 9 फ़रवरी 2026
बिहार के मोतिहारी जिले के रक्सौल में भारत–नेपाल सीमा के पास आयोजित श्रीमद्भागवत कथा महायज्ञ के दौरान रविवार को हालात अचानक बिगड़ गए। प्रसिद्ध कथावाचक आचार्य अनिरुद्धाचार्य जी महाराज के सत्संग में भारी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने से रक्सौल हवाई अड्डा परिसर में भीड़ नियंत्रण से बाहर हो गई। आयोजन स्थल पर अव्यवस्था के चलते कुछ समय के लिए भगदड़ जैसी स्थिति बन गई, जिससे कार्यक्रम बाधित हुआ।
बताया जा रहा है कि जैसे ही आचार्य अनिरुद्धाचार्य मंच पर पहुंचे, श्रद्धालुओं की भीड़ पंडाल की ओर तेजी से बढ़ी। आयोजन समिति की ओर से भीड़ प्रबंधन के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए थे। मुख्य प्रवेश द्वार पर अत्यधिक दबाव पड़ने से रेलिंग टूट गई, जिससे अफरातफरी मच गई और लोग इधर-उधर भागने लगे।
इस अव्यवस्था में कई श्रद्धालु घायल हो गए। दबाव और घबराहट के कारण दो महिलाएं बेहोश हो गईं, जिन्हें मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। हालात संभालने तक श्रीमद्भागवत कथा को कुछ देर के लिए रोकना पड़ा। इसी दौरान कई छोटे बच्चे अपने परिजनों से बिछड़ गए, जिससे आयोजन स्थल पर तनाव का माहौल बन गया।
श्रद्धालुओं ने आयोजन में बुनियादी सुविधाओं की कमी पर नाराजगी जताई। लोगों का कहना था कि इतने बड़े धार्मिक आयोजन में न तो हेल्प डेस्क की व्यवस्था थी और न ही बच्चों के लिए कोई सहायता केंद्र। वहीं वीआईपी व्यवस्था को लेकर भी लोगों में गुस्सा दिखा। आम भक्तों का आरोप था कि अधिक चंदा देने वालों को प्राथमिकता दी गई, जबकि बाकी लोगों को धक्का-मुक्की का सामना करना पड़ा।
स्थिति बिगड़ने पर मौके पर मौजूद पुलिस ने हस्तक्षेप किया और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया गया। अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी मनीष आनंद ने लाठीचार्ज से इनकार करते हुए बताया कि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जरूरी कदम उठाए गए। वहीं अनुमंडल पदाधिकारी मनीष कुमार ने आयोजन समिति को कड़ी फटकार लगाते हुए सभी व्यवस्थाएं तत्काल दुरुस्त करने के निर्देश दिए, ताकि आगे किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।
रक्सौल में श्रीमद्भागवत कथा के दौरान अव्यवस्था, भीड़ बेकाबू होने से मची अफरातफरी
बिहार के मोतिहारी जिले के रक्सौल में भारत–नेपाल सीमा के पास आयोजित ‘श्रीमद्भागवत कथा महायज्ञ’ के दौरान रविवार को हालात अचानक बिगड़ गए। प्रसिद्ध कथावाचक “आचार्य अनिरुद्धाचार्य जी महाराज” के सत्संग में भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंच गए, जिससे रक्सौल हवाई अड्डा परिसर में भीड़ बेकाबू हो गई। लोगों के आगे बढ़ने की होड़ में व्यवस्था चरमरा गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
कथावाचक के मंच पर आते ही श्रद्धालुओं का दबाव मुख्य द्वार की ओर बढ़ गया। आयोजन समिति की ओर से भीड़ नियंत्रण के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने के कारण रेलिंग टूट गई और भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। कुछ समय के लिए कथा को रोकना पड़ा, जिससे श्रद्धालुओं में बेचैनी और नाराजगी भी दिखी।
इस अव्यवस्था में कई लोगों को हल्की चोटें आईं और दबाव के कारण दो महिलाएं बेहोश हो गईं, जिन्हें मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। हंगामे के बीच कई छोटे बच्चे अपने परिजनों से बिछड़ गए। आयोजन स्थल पर हेल्प डेस्क या बच्चों को ढूंढने की कोई स्पष्ट व्यवस्था नहीं होने से परिजन इधर-उधर भटकते नजर आए।
हालात बिगड़ने पर पुलिस ने हस्तक्षेप कर भीड़ को नियंत्रित किया। अधिकारियों ने बताया कि सुरक्षा को देखते हुए अतिरिक्त बल तैनात किया गया है। प्रशासन ने व्यवस्था में लापरवाही को गंभीर मानते हुए आयोजन समिति को कड़ी फटकार लगाई और आगे किसी भी तरह की अनदेखी न होने के निर्देश दिए, ताकि भविष्य में कोई बड़ा हादसा न हो।
Add Comment